आप के अनुदान सी.बी.एन. के द्वारा दीजिए
हर सेविकाई को धनराशि का आवश्यक्ता होती है सो सी.बी.एन. भी सब से अलग नहीं है।
वह तो दया का सागर है। पर इस सागर को सदा भरपूर रहने के लिए हर बूँद की आवश्यक्ता है। क्यों कि कहावत है, “बूँद-बूँद से ही सागर बनता है।” सी.बी.एन. का सागर भी आप के अनुदान की बूँदों से भरता है। तो उदार मन से अपना अनुदान व भेंटें सी.बी.एन. के दया सागर में मिलाएँ। छोटी से छोटी बूँद भी अपना महत्त्व रखती है। आज ही अपना अनुदान सी.बी.एन. सागर में जोड़ें वह अनुदान ओ.बी. आई की सेवा में बड़ा सहायक होगा।
क्या आप जानते हैं कि आप का अनुदान किसी गरीब बच्चे के लिए शिक्षा की आशीष बन सकती है ? जो उसके भविष्य को उज्जवल बना सकता है ? आप का अनुदान किसी निधन वृद्ध को चश्मा दे कर दृष्टि प्रदान कर सकता है? या फिर किसी के ऑपरेशन में सहायक हो सकता है ? किसी जन्म से कटे होंठ वाले बच्चे के मुख पर सामान्य मुसकान ला सकता है? या फिर सूखे से तड़पते लोगों के लिए बोर वेल खोदने में सहायक सिद्ध हो सकता है ? कहीं किसी एचlआई.वी. एड्स के ग्रसित व्यक्ति का सहायक बन सकता है? किसी विकलांग को व्हील चेअर प्रदान कर सकता है ? या फिर प्राकृति प्रकोप से ग्रसित लोगों को भोजन खिला सकता है ? ज़रा सोचिए आपका छोटा सा अनुदान हमारे हाथ मज़बूत करके क्या नहीं कर सकता है।
आप के अनुदान के द्वारा कोई भी जीवन आशीषित हो सकता है और पूरी तरह बदल सकता है।
क्या आप जानते हैं आपका अनुदान आपके लिए अनमोल आशिषें और प्रार्थनाएँ लाएगा, जो उन लोगों के दिल से निकलेंगी जिन्हें सहायता मिली है ? इसके साथ-साथ आप अपने दिल में एक अदभुत संतोष का अनुभव कर सकते हैं, यह जान कर कि आप कि मेहनत की कमाई किसी अच्छे स्थान पर प्रयोग की गई है। वचन भी कहता है जो धन परमेश्वर के कार्य के लिए दिया जाता है वह सदा स्थिर रहता है। बाइबल का पवित्र वचन भी कहता है लेने से देना भला है। परमेश्वर आप को कई गुणा प्रतिफल देगा जब आप परमेश्वर के कार्य के लिए कुछ देते हैं।
